हमराही

सुस्वागतम ! अपना बहुमूल्य समय निकाल कर अपनी राय अवश्य रखें पक्ष में या विपक्ष में ,धन्यवाद !!!!

Saturday, February 8, 2014

मौत [कुण्डलिया]

डरना कैसा मौत से, यह तो सच्ची यार 
धोखा देती जिन्दगी , मौत निभाए प्यार /
मौत निभाए प्यार , साथ है लेकर जाती   
सबक जिंदगी रोज, नया हमको सिखलाती 
नेक मौत का काम, सबकी पीर को हरना 
सरिता कहे पुकार, मत तुम मौत से डरना //

*****